सातवां वेतन आयोग: 'उच्च भत्ते' पर बैठक कल, HRA पर प्रमुख घोषणा, एरियर की संभावना

उच्च भत्ते एवं एरियर" से संवंधित कल एक महत्वपूर्ण एवं संभवतः निर्णायक बैठक पर होगी. ऐसा माना जा रहा है कि संघ के नेताओं द्वारा 'सातवां वेतन आयोग के तहत उच्च भत्ते की रिपोर्ट पर एम्पवर्ड कमिटी की प्रगति के बारे में पूछताछ की उम्मीद है तथा बैठक में वित्त मंत्रालय के अधिकारियों की मौजूदगी की संभावना है.

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नई दिल्ली, 3 मई: केंद्रीय कर्मचारी संघ के नेताओं और सरकारी अधिकारियों के बीच "सातवां वेतन आयोग के तहत उच्च भत्ते एवं एरियर" से संवंधित आज एक महत्वपूर्ण एवं संभवतः निर्णायक बैठक पर होगी. एन डी टीवी से मिली जानकारी के अनुसार, माना जा रहा है कि संघ के नेताओं द्वारा 'सातवां वेतन आयोग के तहत उच्च भत्ते की रिपोर्ट पर एम्पवर्ड कमिटी की प्रगति के बारे में पूछताछ की उम्मीद है तथा बैठक में वित्त मंत्रालय के अधिकारियों की मौजूदगी की संभावना है. उच्च भत्तों और मकान किराया भत्ता (एचआरए) पर एरियर पर समिति की सिफारिशों को संघ के नेताओं के साथ साझा किया जा सकता है. केंद्रीय कर्मचारियों के भत्तों पर गठित लवासा कमिटी ने अपनी रिपोर्ट 27 अप्रैल को वित्त मंत्रालय को सौंप दी. Read Also: 7th Pay Commission: Minimum HRA hike of Rs 4,320 per month Central Employee May Get

हालाकी, सातवां वेतन आयोग के तहत उच्च पर गठित लवासा कमिटी ने भत्तों पर अपनी सिफारिशों सार्वजनिक नहीं किया है. वित्त मंत्रालय के बयान के अनुसार, पैनल ने कुछ भत्ते में कुछ संशोधनों का सुझाव दिया है जो सभी कर्मचारियों के लिए सार्वभौमिक रूप से लागू होते हैं साथ ही कुछ अन्य भत्ते जो विशिष्ट कर्मचारी वर्गों पर लागू होते हैं. सातवां वेतन आयोग ने 196 मौजूदा भत्तों में से 52 के समाप्त करने तथा इसके अलावा 36 अन्य भत्ते शामिल करने का का सुझाव दिया था.

इधर शिव गोपाल मिश्रा ने कहा कि हमें कम से कम 10, 20 और 30 फीसदी हाउस रेंट अलाउंस ( एचआरए) चाहिए. इससे कम हमें मंजूर नहीं होगा. हमारी दूसरी मांग है कि एचआरए की नई दरें, नई बेसिक सैलरी के साथ 1 जनवरी 2016 से लागू की जाएं और इसका एरियर केंद्रीय कर्मचारियों को दिया जाए. Read Also: सातवां वेतन आयोग: यूनियन की चली तो अधिकतम एच.आर.ए. रु.75,000 तक होगा

सातवां वेतन आयोग के तहत लवासा कमिटी द्वारा सिफारिश उच्च भत्ते की रिपोर्ट को व्यय विभाग द्वारा जांच की जा रही है, और जल्दी ही एमपावर्ड कमिटी की सचिवों के अध्यक्ष (ई-कोसम) के समक्ष रखी जाएगा तथा एमपावर्ड कमिटी की मंजूरी के बाद, इसे केंद्रीय कैबिनेट को मंजूरी के लिए भेजा जाएगा. हालांकि, सरकार ने सातवां वेतन आयोग की सिफारिशों के अनुसार केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों के वेतन में वृद्धि की है, लेकिन छठे वेतन आयोग के अनुसार भत्ते का भुगतान किया जा रहा है. Read Also: 7th Pay Commission: Here Are Some Clues On Allowances And What Comes Next

राष्ट्रीय संयुक्त कार्यकारी परिषद (एनजेसीए) के प्रमुख शिवगोपाल मिश्रा ने कहा कि सरकार एचआरए की नई दरों को नई बेसिक सैलरी पर 1 अप्रैल-2017 से लागू करना चाहती है, जबकि सातवां वेतन आयोग की सैलरी से संबंधित सिफारिशें 1 जनवरी 2016 से लागू हो चुकी हैं. जब हमें नई बेसिक सैलरी के हिसाब से सैलरी 1 जनवरी 2016 से मिल रही है, तो एचआरए की नई दरें भी नई बेसिक सैलरी के हिसाब से 1 जनवरी 2016 से मिलनी चाहिए. अगर सरकार ने इन दोनों मांगों को नहीं माना, तो फिर विरोध को बिगुल फूंका जाएगा.

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